Success aur UnSuccess


जय श्री सच्चिदानंद जी 

कभी भी 'कामयाबी' को दिमाग और 'नाकामी' को दिल में जगह नहीं देनी चाहिए 
क्योंकि, कामयाबी दिमाग में घमंड और नाकामी दिल में मायूसी पैदा करती है। 

जय श्री सच्चिदानंद जी
Share on Google Plus
Shri Nangli Sahib Darbar
    Google Comment
    Facebook Comment